BNP NEWS DESK। A.M.P.G.COLLEGE स्टॉफ इंरिचमेण्ट एण्ड इम्पावरमेण्ट कमेटी, आर्य महिला पीजी कॉलेज में प्राचार्या प्रो. रचना दूबे के संरक्षकत्व में शुक्रवार को महाविद्यालय के कॉन्फ्रेंस हॉल में शारीरिक एवं मानसिक सन्तुलन का अन्त: सम्बन्ध विषय पर विशिष्ट व्याख्यान आयोजित किया गया।
A.M.P.G.COLLEGE स्वागत भाषण एवं विषय उपस्थापन के क्रम में प्रो. जया मिश्रा ने कहा कि “शरीरमाद्यं खलु धर्मसाधनम्” अर्थात् शरीर ही धर्म-कर्तव्यों को पूरा करने का पहला और मुख्य साधन है। यदि शरीर स्वस्थ है, तभी आप अपने जीवन के लक्ष्यों को प्राप्त कर सकते हैं।
सत्व, रज एवं तमोगुण का समुच्चय बताया
मुख्यवक्ता के रूप में उपस्थित पारायणी नाड़ीविशेषज्ञ वैद्य रिया राय द्विवेदी ने शारीरिक एवं मानसिक सन्तुलन के विभिन्न पहलुओं पर विचार व्यक्त करते हुए कहा कि “यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे” के उद्धरण द्वारा शरीर एवं ब्रह्माण्ड के अन्तः सम्बन्ध को प्रस्तुत किया तथा हमारे शरीर को त्रिदोष, सप्तधातु, त्रयोदश अग्नि एवं एकादश इन्द्रियों से निर्मित बताते हुए मन को सत्व, रज एवं तमोगुण का समुच्चय बताया। आहार-विहार एवं निद्रा द्वारा शरीर को प्रभावित करने वाले विभिन्न कारणों, रोगों को बताते हुए के कहा कि यह कैसे हमारी दैनिक गतिविधियों को प्रभावित करते हैं तथा इसको स्वस्थ रखकर कैसे हम ऊर्जान्वित दिनचर्या बना सकते हैं। A.M.P.G.COLLEGE

अपने शरीर को स्वस्थ रखने के साथ- साथ मन को भी स्वस्थ रखने के लिए दिनचर्या में योग की भी अहम भूमिका होती है।
कार्यक्रम के अध्यक्षीय उद्बोधन में प्राचार्या प्रो. रचना दूबे ने कहा कि आज के समय में रील और विज्ञापन के द्वारा समाज में बहुत सी भ्रांतियाँ फैल जाती हैं।
जिसमें कुछेक ही सही होती हैं अधिकांश व्यर्थ धारणाओं से ग्रसित रहती हैं। अतः हमें आयुर्वेदीय प्राकृतिक संसाधनों का उपयोग आयुर्वैदिक पद्धति का अनुसरण करते हुए ही प्रयोग करना चाहिए।
कार्यक्रम में मंगलाचरण अर्पिता सिंह, संचालन डॉ. पुष्पा त्रिपाठी, एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ० दिब्या ने किया। इस कार्यक्रम में शिक्षणवर्ग से प्रो. भावना त्रिवेदी, प्रो. बिन्दु लाहिड़ी, डॉ. अन्नपूर्णा दीक्षित, डॉ. भानुमति मिश्रा, डॉ. पूनम जायसवाल, डॉ. मंजू मेहरोत्रा, डॉ. स्वप्ना बन्दोपाध्याय, डॉ. सुनीता यादव, डॉ. ममता यादव, डॉ. एकता गुप्ता, डॉ. कंचन इत्यादि एवं शिक्षणेतर वर्ग से श्रीमती श्रद्धा पोखरियाल, श्रीमती मीनू यादव, मनीषा गुप्ता, शाम्भवी शुक्ला श्रीमती दिव्या बाजपेयी, श्रीमती अनुराधा इत्यादि उपस्थित रहीं। डॉ. नागमणि त्रिपाठी, डॉ. अरिमा त्रिपाठी, डॉ. ऋतु कयाल, सुश्री साक्षी तिवारी इत्यादि ने इस आयोजन के सम्पादन में महत्त्वपूर्ण योगदान किया। A.M.P.G.COLLEGE
















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