BNP NEWS DESK। Gold Demand कीमतों के रिकार्ड स्तर पर पहुंचने और उपभोक्ताओं के खरीद व्यवहार में बदलाव के कारण वर्ष 2025 में भारत की सोने की मांग में 11 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (डब्ल्यूजीसी) की ‘2025 की स्वर्ण मांग के रुझान’ रिपोर्ट के अनुसार, भारत में सोने की कुल मांग 2025 में गिरकर 710.9 टन रह गई, जो 2024 में 802.8 टन थी।
Gold Demand परिषद का अनुमान है कि 2026 में देश में सोने की मांग 600 से 700 टन के बीच रह सकती है। हालांकि, कीमतों में भारी उछाल के कारण मूल्य के संदर्भ में सोने की मांग 30 प्रतिशत बढ़कर 7,51,490 करोड़ रुपये पर पहुंच गई, जबकि पिछले वर्ष यह 5,75,930 करोड़ रुपये थी।
डब्ल्यूजीसी के क्षेत्रीय मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ–भारत) सचिन जैन ने बताया, ‘वर्ष, 2025 की चौथी तिमाही में सोने की मांग पर ऊंची कीमतों और उपभोक्ताओं के बदलते व्यवहार का असर स्पष्ट दिखा। मात्रा के आधार पर इस तिमाही में मांग नौ प्रतिशत गिरकर 241.3 टन रही, लेकिन मूल्य के आधार पर यह 49 प्रतिशत बढ़कर करीब 3,03,470 करोड़ रुपये हो गई।’ वर्ष 2025 के दौरान आभूषणों की कुल मांग 24 प्रतिशत घटकर 430.5 टन रही, जो 2024 में 563.4 टन थी।
हालांकि, मूल्य के लिहाज से यह 12 प्रतिशत बढ़कर 4,54,390 करोड़ रुपये रही, जो इससे पिछले साल 4,04,510 करोड़ रुपये रही थी। जैन ने कहा, ‘शादियों के सीजन के बावजूद ऊंची कीमतों और महंगाई के कारण आभूषणों की बिक्री में 23 प्रतिशत की कमी आई। 2025 में सोने ने 60 प्रतिशत से अधिक का रिटर्न दिया और 53 बार सर्वकालिक उच्च स्तर को छुआ।’
इसके विपरीत, निवेश के रूप में सोने की मांग बढ़ी है। चौथी तिमाही में निवेश मांग 26 प्रतिशत बढ़कर 96 टन रही, जबकि इसका मूल्य 108 प्रतिशत उछलकर 1,20,700 करोड़ रुपये हो गया।
सोने की वैश्विक मांग 2025 में 5,000 टन से अधिक रही
मुंबई, प्रेट्र: वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (डब्ल्यूजीसी) के मुताबिक, 2025 में दुनियाभर सोने की कुल मांग 5,002 टन के अब तक के सबसे उच्चस्तर पर पहुंच गई। पिछले साल यानी 2024 में यह आंकड़ा 4,961.9 टन था। सुरक्षित निवेश और विविधीकरण के चलते निवेश मांग 2024 के 1,185.40 टन की तुलना में बढ़कर 2025 में 2,175.3 टन हो गई।
अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में उपभोक्ता मांग दो प्रतिशत बढ़कर
1,345.3 टन हो गई, जबकि पिछले साल इसी समय में यह 1,318.5 टन थी। जनवरी 2025 में लंदन बुलियन मार्केट एसोसिएशन पर सोने की औसत कीमत 2,709.7 डालर प्रति औंस रही जबकि जनवरी, 2024 में यह 2,034 डालर प्रति औंस थी।
ईटीएफ, बार और सिक्कों में निवेश की मांग 2024 के 1,185.4 टन से 84 प्रतिशत बढ़कर 2025 में 2,175.3 टन हो गई। बता दें कि निवेश की मांग में यह उछाल बढ़े हुए भू-राजनीतिक तनाव, डालर की कमजोरी, शेयरों के मूल्यांकन में वृद्धि और सुरक्षित निवेश की बढ़ती प्रवृत्ति के चलते आया है।
पिछले साल विभिन्न देशों के केंद्रीय बैंकों में 863 टन सोना खरीदा। अकेले 2025 की चौथी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर) में 230 टन सोना खरीदा गया। सबसे ज्यादा 102 टन सोना नेशनल बैंक आफ पोलैंड ने खरीदा। Gold Demand
















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