BNP NEWS DESK। Nirjala Ekadashi निर्जला एकादशी पर सात नदियों के जल से श्रीकाशी विश्वनाथ का जलाभिषेक किया जाएगा। इस बार बाबा को गंगा, यमुना, सरस्वती, सिंधु, झेलम, व्यास और घाघरा नदी का जल अर्पित किया जाएगा। सात रजत कलश में नदियों का जल और 1008 कलश में विभिन्न जलस्त्रोतों का जल लेकर श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दरबार में पहुंचेंगे।
Nirjala Ekadashi श्री काशी विश्वनाथ वार्षिक कलश यात्रा के संयोजक निधिदेव अग्रवाल ने बताया कि शंकराचार्य की प्रेरणा से वर्ष-1999 से निर्जला एकादशी को बाबा विश्वनाथ को कलश यात्रा निकालकर जल अर्पित किया जा रहा है। बीते 26 वर्षों से यह परंपरा निभाई जा रही है। इस बार कलश यात्रा और जलाभिषेक के 27 वर्ष पूरे हो जाएंगे।
कलश यात्रा और जलाभिषेक में 12 ज्योतिर्लिंग के प्रधान पुजारी व शास्त्री भी शामिल होते है। बताया कि दशाश्वमेध घाट पर सुबह सात बजे वैदिक रीति से कलश पूजन कर यात्रा शुरू की जाएगी। इसमें कई सामाजिक और धार्मिक संगठन भी सहभागी रहेंगे।
यात्रा में शामिल होने के लिए दूर- दूर से श्रद्धालु विभिन्न पवित्र स्थानों से जल लेकर आते हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रास्ते में प्याऊ और फलहार वितरण के शिविर भी लगाए जाते हैं। Nirjala Ekadashi













Discussion about this post