BNP NEWS DESK। Bihar Elections बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के नामांकन की उलटी गिनती के बीच विकासशील इंसान पार्टी (वीआइपी) प्रमुख मुकेश सहनी के बागी तेवर खुलकर सामने आ गए हैं। सीट बंटवारे को लेकर नाराज सहनी लगातार अपने सख्त रुख पर कायम हैं और झुकने के मूड में भी नहीं दिख रहे। उनकी नाराजगी इतनी बढ़ गई कि कांग्रेस नेतृत्व को खुद हस्तक्षेप करना पड़ा। यहां तक कि राहुल गांधी तक ने सहनी से फोन पर बात कर मामला सुलझाने की कोशिश की, लेकिन फिलहाल कोई ठोस नतीजा नहीं निकल सका है। वहीं, तेजस्वी यादव की इस प्रकरण में अब तक कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया नहीं आई है।
Bihar Elections चुनाव के पहले चरण के लिए तमाम दलों के उम्मीदवार नामांकन में जुटे हैं। लेकिन, महागठबंधन के प्रमुख सहयोगी दल वीआइपी की नाव अब तक मंझधार में फंसी हैं। वीआइपी को कितनी सीटें मिलेंगी, उनके उम्मीदवार कहां से लड़ेंगे, यह तस्वीर साफ नहीं। लगातार इंतजार के बाद आखिरकार सहनी ने गुरुवार को आनन-फानन में पटना में एक प्रेस कांफ्रेंस बुला ली। सहनी के मात्र प्रेस कांफ्रेंस बुलाने से महागठबंधन खेमे में हड़कंप मच गया। इसके बाद पटना से लेकर दिल्ली तक से सहनी को मनाने का सिलसिला शुरू हुआ। आलम यह रहा कि सहनी की 12 बजे होने वाली प्रेस कांफ्रेंस दिन भर में तीन बार टली और अंतत: रद हो गई।
सहनी को अंतिम समय में 15 सीटें दिए जाने की बात सामने आई
सूत्रों ने बताया कि सहनी को अंतिम समय में 15 सीटें दिए जाने की बात सामने आई। हालांकि, ये सीटें कौन होंगी, 15 ही होगी या फिर इससे कम या ज्यादा, इस पर किसी भी सहयोगी दल की ओर से कोई आश्वासन नहीं मिला है। वीआइपी नेता सुनील कुमार ने कहा कि पार्टी प्रमुख को राहुल गांधी का फोन आया है। बात बढ़ी है। उम्मीद है सब बेहतर ही होगा। परंतु, रात नौ बजे तक मामला फंसा हुआ ही नजर आया।
फिलहाल यह सूचना मिल रही कि राजद नेतृत्व ने अपने राज्यसभा सदस्य और तेजस्वी के करीबी संजय यादव को राहुल के बुलावे पर दिल्ली भेजा है। संजय यादव दिल्ली में राहुल गांधी से मुलाकात कर सहनी के लिए रास्ता निकालेंगे। इधर, सहनी की पार्टी ने साफ कर दिया है कि पार्टी का जनाधार कई इलाकों में मजबूत है। अगर विकासशील इंसान पार्टी को सम्मानजनक हिस्सेदारी नहीं मिली तो पार्टी अपने दम पर चुनाव में उतरने से पीछे नहीं हटेगी।















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