BNP NEWS DESK ।Shubh Muhurt मई माह के दूसरे दिन यानि मंगलवार की सुबह से शहनाई का ‘शुक्र’ उदय हो जाएगा। इसके साथ ही एक बार फिर सहालग शुरू हो जाएगी। इस माह में 16 दिन शादियों के शुभ मुहूर्त हैं। जून में भी करीब दो हफ्ते शहनाई बजेगी।
हिंदू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शुक्र ग्रह को विवाह संबंध में बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
Shubh Muhurt मान्यतानुसार शुक्र अस्त होने के बाद शादियां नहीं करवाई जातीं। ज्योतिषनुसार बीते 1 अक्टूबर के दिन शुक्र अस्त हुआ था। यह समय विवाह के लिए अच्छा नहीं माना जाता है। वहीं, शुक्र ग्रह को प्रेम व विसालिता का कारक भी कहते हैं। ऐसे में, 20 नवंबर को होने वाले शुक्र उदय के साथ ही शादी के शुभ मुहूर्त (Shubh Muhurt) भी शुरू हो जाएंगे। माना जाता है कि विवाह के समय शुक्र ग्रह का उदय होना अनिवार्य है जिससे पति-पत्नी को वैवाहिक सुख मिले और विवाह में किसी तरह की अड़चने ना आएं।
आचार्य एसएस नागपाल ने बताया कि गुरु-शुक्र अस्त होने की वजह से 15 मार्च से शादी-विवाह के आयोजन बंद थे। 14 अप्रैल को खरमास समाप्ति होने के बाद भी सहालग नहीं शुरू नहीं हुई थी। दो मई को सुबह 04:46 बजे से गुरु-शुक्र के उदय होने के साथ ही शादियों का दौर शुरू हो जाएगा। 29 जून तक शादियों का मुहूर्त है। इसके बाद कोई शुभ मुहूर्त नहीं हैं। 23 नवंबर को देवोत्थानी एकादशी के बाद फिर से शादियों का दौर शुरू होगा। सहालग को लेकर बाजारों में भी रौनक दिखने लगी है। शहरों में शादी घर भी तैयार हैं।
शादियों के शुभ मुहूर्त
– मई : 2, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 15, 16, 20, 21, 22, 26, 27, 29 व 30
– जून : 3, 6, 7, 11, 12, 13, 22, 23, 25, 26, 27, 28 व 29
– नवंबर : 27, 28 व 29
– दिसंबर : 3, 4, 5, 6,7, 8, 9, 13, 14 व 15






