BNP NEWS DESK। Mamata Banerjee बंगाल में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला। बुधवार सुबह उन्होंने एक्स हेंडल पर लिखा कि एसआईआर के डर से अब तक 28 लोगों की मौत हो चुकी है और इसके लिए आयोग का अनियोजित निर्णय जिम्मेदार है। लोगों के बीच असुरक्षा और भय का माहौल बना हुआ है। हजारों सवाल और आशंकाएं लोगों के मन में घर कर चुकी हैं।
Mamata Banerjee मुख्यमंत्री बनर्जी ने चुनाव आयोग से स्थिति को संभालने के लिए तत्काल कदम उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि आयोग को चाहिए कि वह अपने फैसले पर पुनर्विचार करे और कार्यकर्ताओं पर पड़ रहे दबाव को कम करे।
ममता ने चेतावनी दी कि यदि आयोग ने समय रहते कार्रवाई नहीं की, तो राज्य में और भी गंभीर परिणाम देखने को मिल सकते हैं। मुख्यमंत्री ने पोस्ट में लिखा कि बूथ लेवल अधिकारी पर अत्यधिक काम का दबाव डाला जा रहा है, जिसके कारण वे मानसिक तनाव में आकर आत्महत्या कर रहे हैं।
कहा कि बुधवार को उत्तर बंगाल के मालबाजार में एक महिला बीएलओ का शव फंदे से लटका हुआ मिला। ममता के बयान पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि एसआइआर के डर से होने वाली मौतों की खबर बिल्कुल बेबुनियाद है। मुख्यमंत्री व उनकी पार्टी बेवजह लोगों में एसआईआर को लेकर भय व भ्रम फैला रही हैं। इन मौतों के लिए ममता व टीएमसी जिम्मेदार है। Mamata Banerjee
टीएमसी के आतंक के कारण कर रहे आत्महत्या : भाजपा
भाजपा प्रवक्ता अमित मालवीय ने एक्स पर पोस्ट कर ममता के आरोपों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा- ‘ममता बनर्जी एक और जहरीला झूठ बोल रही हैं ताकि अपनी घुसपैठिए साम्राज्य को एसआइआर से बचा सकें।’
कहा कि राजग शासित बिहार में भी एसआइआर हुआ और वहां कोई आत्महत्या की घटना नहीं हुई। सवाल है कि ममता के बंगाल में बीएलओ क्यों मर रहे हैं? क्योंकि बंगाल में टीएमसी के गुंडे शिक्षकों, आंगनबाड़ी और आशा वर्करों को धमकी देते हैं। मतदाता सूची जल्दी खत्म करो, नहीं तो नौकरी जाएगी, तबादले होंगे, हिंसा का सामना करना पड़ेगा।’ उन्होंने जोड़ा-‘दबाव चुनाव आयोग की तरफ से नहीं है बल्कि यह टीएमसी के आतंक माफिया से है।’
कीटनाशक खान से व्यक्ति की मौत, दावा-एसआइआर को लेकर तनाव में था उत्तर 24 परगना जिले में एक 58 वर्षीय व्यक्ति की कीटनाशक खाने से मौत हो गई। मृतक की पहचान जादुरहाटी पूर्वा निवासी सोफिकुल मोंडल के रूप में हुई है। परिवार का कहना है कि एसआइआर को लेकर वह पिछले कई दिनों से तनाव में थे। पुलिस के अनुसार उन्हें 2002 की मतदाता सूची में अपना नाम तो मिला, लेकिन परिवार के कई अन्य सदस्यों के नाम गायब थे। परिजन का दावा है कि इसी बात से वह बेहद परेशान हो गए। Mamata Banerjee
एसआइआर प्रक्रिया में किसी भी चूक के लिए अधिकारी जवाबदेह होंगे : चुनाव आयोग
उप चुनाव आयुक्त ज्ञानेश भारती ने कहा कि बंगाल में एसआइआर के दौरान अगर कोई चूक पाई गई तो अधिकारियों को जवाबदेह ठहराया जाएगा। भारती ने मंगलवार को आयोग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उत्तर और दक्षिण 24 परगना जिलों तथा कोलकाता उत्तर और कोलकाता दक्षिण लोकसभा क्षेत्रों के निर्वाचन अधिकारियों तथा मतदाता पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ) के साथ बैठकें कीं। चुनाव आयोग की टीम ने बुधवार को नदिया तथा मुर्शिदाबाद जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की तथा एसआइआर की प्रक्रिया की प्रगति का जायजा लिया। शाम छह बजे तक राज्य में 7.63 करोड़ गणना फार्म वितरित किए जा चुके हैं, जो 99.66 प्रतिशत है। कुल 1.09 करोड़ मतदाता प्रपत्रों का डिजिटलीकरण किया गया है, जो वितरित कुल प्रपत्रों का 14.24 प्रतिशत है। Mamata Banerjee
















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