BNP NEWS DESK। Share Market आइटी, तेल व गैस और एफएमसीजी क्षेत्र के शेयरों में खरीदारी की बदौलत घरेलू शेयर बाजार गुरुवार को नए उच्च स्तर पर जाकर बंद हुए। बीएसई का मानक सूचकांक सेंसेक्स 626.91 अंक की वृद्धि के साथ पहली बार 81 हजार के स्तर को पार कर 81,343.46 के सर्वकालिक उच्च स्तर पर बंद हुआ। सेंसेक्स की शुरुआत कमजोर रही और यह 80,390.37 अंक के निचले स्तर तक पहुंचा।
Share Market हालांकि, कारोबार के दौरान यह 806 अंक की तेजी के साथ 81,522.55 अंक के उच्च स्तर तक पहुंचा। इसी तरह, एनएसई का निफ्टी 187.85 अंक की तेजी के साथ 24,800.85 के नए उच्च स्तर पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान निफ्टी में 224.75 अंक तक की तेजी रही।
जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर का कहना है कि आधे दिन के कारोबार के बाद अग्रणी सूचकांकों में मजबूती आई और आइटी शेयरों में नई खरीदारी के कारण वे नए शिखर पर पहुंच गए। Share Market
4जून तिमाही में प्रमुख प्रमुख आईटी कंपनियों के मजबूत वित्तीय प्रदर्शन और कमजोर होते रुपये के कारण निवेशकों में इस क्षेत्र के प्रति आशावाद बढ़ा है। विश्लेषकों का कहना है कि सितंबर में अमेरिका में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद से वहां बांड यील्ड में नरमी के कारण भी भारतीय इक्विटी बाजारों में विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआइआइ) का प्रवाह बढ़ा है। सेंसेक्स में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) के शेयरों में सबसे ज्यादा 3.33 प्रतिशत की तेजी रही। वहीं, इन्फोसिस के शेयर 1.93 प्रतिशत बढ़कर बंद हुए। Share Market
सेंसेक्स के टाप गेनर (%में)
टीसीएस 3.33
बजाज फिनसर्व 2.57
महिंद्रा एंड महिंद्रा 2.32
इन्फोसिस 1.93
एचयूएल 1.74
सेंसेक्स के टाप लूजर (%में)
एशियन पेंट्स 1.48
एनटीपीसी 0.71
जेएसडब्ल्यू स्टील 0.48
पावरग्रिड 0.42
टाटा स्टील 0.42
सर्वकालिक निचले स्तर पर पहुंचा रुपया
विदेशी बाजारों में अमेरिकी मुद्रा में मजबूती के चलते गुरुवार को डालर के मुकाबले रुपया छह पैसा गिरकर 83.64 के स्तर पर बंद हुआ। यह भारतीय मुद्रा का अमेरिकी डालर के मुकाबले सर्वकालिक निचला स्तर है। अंतरबैंक मुद्रा विनिमय बाजार में डालर के मुकाबले रुपया 83.57 के स्तर पर खुला। कारोबार के दौरान यह 83.55 के उच्च स्तर और 83.66 के निम्न स्तर तक पहुंचा।
अंत में यह 83.64 के सर्वकालिक निचले स्तर पर बंद हुआ। विदेशी मुद्रा कारोबारियों को उम्मीद है कि मजबूत अमेरिकी डालर और कमजोर एशियाई व यूरोपीय मुद्राओं के कारण रुपया थोड़ा नकारात्मक रुख के साथ कारोबार करेगा। अमेरिकी डालर मजबूत हुआ, जबकि ब्रिटेन से निराशाजनक श्रम बाजार आंकड़ों के बीच पाउंड कमजोर हुआ। हालांकि, सकारात्मक घरेलू बाजारों और विदेशी फंड प्रवाह ने घरेलू इकाई में गिरावट को कुछ हद तक कम किया।
एक वर्ष में 80 प्रतिशत बढ़े एलआइसी के शेयर
देश की सबसे बड़ी जीवन बीमा कंपनी एलआइसी के शेयरों में बीते एक वर्ष के दौरान करीब 80 प्रतिशत की वृद्धि रही है। गुरुवार को एनएसई में कंपनी के शेयर 1,109.65 रुपये प्रति इकाई पर बंद हुए। 18 जुलाई 2023 को कंपनी के शेयर 620 रुपये प्रति इकाई पर थे। वित्त वर्ष 2023-24 के दौरान कंपनी का राजस्व 8.46 लाख करोड़ रुपये रहा है जो 2022-23 के दौरान 7.84 लाख करोड़ रुपये था। इस दौरान कंपनी का शुद्ध लाभ भी बढ़कर 40,885 करोड़ रुपये रहा है जो 2022-23 के दौरान 35,997 करोड़ रुपये था।








