BNP NEWS DESK। Rahul Gandhi लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने अमेरिका में उनके आरक्षण संबंधी बयानों पर देश में गरमाई सियासत के बीच आरक्षण खत्म करने के भाजपा और बसपा के आरोपों को खारिज करते हुएकहा कि इसके उलट कांग्रेस आरक्षण की वर्तमान 50 प्रतिशत की सीमा को बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
Rahul Gandhi इतना ही नहीं जाति जनगणना की कांग्रेस की मांग को आरक्षण की सीमा बढ़ाने के आधार से जोड़ते हुए यह कहने से भी गुरेज नहीं किया कि वंचित वर्गों की भागीदारी बढ़ाने के लिए व्यापक नीतियां बनाने का आधार जाति जनगणना से ही तय होगा।
बुधवार देर रात वाशिंगटन के नेशनल प्रेस क्लब में पत्रकारों से रूबरू होते हुए कहा आरक्षण पर मेरे बयान को कुछ लोगों ने गलत तरीके से पेश कर भ्रम फैलाया है कि मैं आरक्षण के खिलाफ हूं। लेकिन साफ कर दूं कि मैं आरक्षण के खिलाफ नहीं हूं। हम आरक्षण की 50 प्रतिशत की जो सीमा हो उसे आगे बढ़ाने जा रहे हैं। Rahul Gandhi
आरक्षण सीमा बढ़ाए जाने के पक्ष में
आरक्षण सीमा बढ़ाए जाने के पक्ष में तर्क देते हुए नेता विपक्ष ने कहा कि जाति भारत में एक बुनियादी समस्या और सामाजिक असमानता की जड़ है। जाति भारत में एक केंद्रीय मुद्दा है और उन्हें नहीं लगता कि अछूत होने का विचार और कहीं मौजूद है।
राहुल ने कहा कि अछूत होना एक आर्थिक विचार से बहुत परे है और यह भेदभाव विभिन्न स्तरों पर है, कांग्रेस पार्टी हमेशा से छूआछूत के इस विचार के खिलाफ रही है।
कांग्रेस कई नीतियां बनाने जा रहे हैं और आरक्षण उनमें से एक है
राहुल गांधी ने कहा कि इस समस्या के समाधान के लिए आरक्षण की 50 फीसद की सीमा हटा सभी वर्गों को न्यायपूर्ण हिस्सेदारी मिलनी चाहिए। कांग्रेस कई नीतियां बनाने जा रहे हैं और आरक्षण उनमें से एक है। लोकसभा चुनाव में आरक्षण मुद्दे के सियासी असर से भली भांति परिचित राहुल गांधी ने हरियाणा और महाराष्ट्र समेत अन्य राज्यों के होने वाले चुनावों को देखते हुए तत्काल इस विवाद का पटाक्षेप करने की यह पहल की है।








