बीएनपी न्यूज डेस्क। kashi Vishwanath Temple काशी विश्वनाथ मंदिर इस बार सावन मास में मंगला आरती के लिए सामान्य दिनों में लगभग तीन गुना तो हर सोमवार को पांच गुना से अधिक शुल्क देना होगा। मंदिर प्रशासन ने मास विशेष के लिए शुल्क की नई दर मंगलवार को जारी कर दी। आम दिनों में मंगला आरती के लिए 350 रुपये शुल्क लगते हैं। सावन में सामान्य दिनों में मंगला आरती के लिए 1000 रुपये तो सोमवार को 2000 रुपये खर्च करने होंगे।
सुगम दर्शन के लिए सामान्य दिनों में 500 और सोमवार को 750 रुपये शुल्क अदा करना होगा। इसके लिए अन्य 11 महीनों में 350 रुपये शुल्क लिया जाता है। इसके अलावा मध्याह्न भोग आरती, सप्तर्षि आरती, रात्रि शृंगार व भोग आरती के लिए सावन भर 500 रुपये का टिकट लेना होगा। इसके लिए साल के 11 माह 180 रुपये लगते हैं।
वहीं एक शास्त्री से रूद्राभिषेक कराने के लिए सावन में सात सौ रुपये शुल्क लगेेगा। पांच शास्त्री से रूद्राभिषेक कराने पर सोमवार को तीन हजार व अन्य दिनों में 2100 रुपये शुल्क अदा करना होगा। श्रावण संन्यासी भोग सोमवार को 7500 व अन्य दिनों में 4500 रुपये शुल्क अदा करना होगा। श्रावण शृंगार का शुल्क 20 हजार रुपये होगा। इस बार पिछले सावन की अपेक्षा डेढ़ से दो गुना तक की बढ़ोतरी की गयी है।
- सावन में ही दूसरे चरण का निर्माण भी होगा हैंडओवर
kashi Vishwanath Temple काशी विश्वनाथ धाम के नव्य, भव्य व दिव्य स्वरूप के दूसरे चरण का कार्य भी अब पूरा होने जा रहा है। सावन माह में ही शेष निर्माण श्रीकाशी विश्वनाथ विशिष्ट क्षेत्र विकास परिषद को सौंप देने की संभावना है। अब तक धाम के अंदर बने 23 विभिन्न भवनों में 16 को सौंप दिया गया है। शेष सात भवनों के सौंपने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने काशी विश्वनाथ धाम का नव्य, भव्य व दिव्य स्वरूप 13 दिसंबर 2021 को लोकार्पित किया था। इसके साथ ही दूसरे चरण का कार्य प्रारंभ हुआ। घाट किनारे सीढिय़ों के साथ रैंप बिल्डिंग और सीवेज पंपिंग स्टेशन का कार्य भी हो चुका है। कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग है। भवन के हैंडओवर होने से पहले पीडब्ल्यूडी, बिजली विभाग, अग्नि शमन विभाग आदि अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी करेंगे। सब कुछ ठीक रहा तो सुरक्षा भवन, रैंप, कैफे, मंदिर चौक, इम्पोरियम, वीआईपी लाउंज को हैंडओवर किया जाएगा।








