BNP NEWS DESK। Astronomical Events फरवरी में कई खगोलीय घटनाएं हो रही हैं। 18 फरवरी को चंद्रमा, बुध ग्रह के करीब दिखाई देगा। 22 फरवरी को शुक्र और बृहस्पति ग्रह एक दूसरे के पास रहेंगे। सूर्यास्त के बाद पश्चिम क्षितिज के निकट इन्हें आकाश में देखा जा सकता है।
28 फरवरी को चंद्रमा और मंगल आसपास रहेंगे। इन सब के साथ हमल, कृत्तिका, रोहणी, बह्महृदय, पुनर्वसु, मघा, काक्षी, राजन्य, व्याध, प्रश्वा और अगस्त्य जैसे चमकीले तारों को भी देख सकेंगे। ये सभी मार्च मध्य तक अस्त हो जाएंगे।
जवाहर तारामंडल ने जारी किया आकाश का मानचित्र
खगोलीय घटनाओं में रुचि रखने वालों के लिए जवाहर तारामंडल की ओर से आकाश का मानचित्र जारी किया गया है। इसकी मदद से सभी प्रमुख तारों को पहचाना जा सकता है। तारा मंडल के निदेशक डा. वाई रविकिरण के अनुसार ये खगोलीय घटनाएं सभी ग्रहों के अपने पथ पर गति के कारण हो रही हैं।
इनका पृथ्वी पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। फिर भी खगोल में रुचि रखने वाले लोगों के लिए ऐसी घटनाएं कौतूहल से परिपूर्ण होती हैं।
विभिन्न तारों को देखने के दौरान कई बार नए तारे भी दिख जाते हैं। विद्यार्थियों को भी इन तारों को देखना और समझना चाहिए, इसीलिए आकाश का मानचित्र जारी किया गया है।
यह भी बताया कि सूर्य अभी मकर राशि में है जो गति करता हुआ 18 फरवरी को कुंभ राशि में प्रवेश करेगा।
मानचित्र को देखने का तरीका
तारामंडल की विज्ञानी सुरूर फातिमा के अनुसार आकाशीय मानचित्र को सिर के ऊपर इस प्रकार रखें कि उत्तर की ओर उत्तर दिशा और दायीं ओर पूर्व दिशा हो।
उत्तर में हम ‘ध्रुव’ तारे को पूर्व में शर्मिष्ठा तारामंडल या पश्चिम में सप्तर्षि के सूचक द्वारा पहचान सकते हैं। इसे रात में आठ से नौ बजे के बीच लेकर देखें तो तारों की पहचान आसान होगी।
तारों का समूह हैं राशियां
तारा मंडल के निदेशक डा. वाई रविकिरण के अनुसार जिन राशियों को हम मात्र ज्योतिष तक सीमित रखते हैं वास्तव में वे कई तारों का समूह हैं।
इनके उदय होने या अस्त होने की प्रक्रिया चलती रहती है। वर्तमान में मीन, मेष, वृषभ, मिथुन, कर्क और सिंह राशियों वाले तारे देखे जा सकते हैं।
दक्षिण दिशा में देखें अगस्त्य
आसमान का दूसरा सब से अधिक चमकीला तारा अगस्त्य है। इसे इन दिनों दक्षिण में देख सकते हैं। पहला सब से अधिक चमकीला तारा मंडल सारसी है।
ब्रह्महृदय इसका प्रमुख तारा है। पूर्व पश्चिम दिशा में देख सकते हैं। इसी दिशा में हमल मेष राशि का चमकीला तारा भी देखा जा सकेगा। कृतिका सात तारों का समूह है।
इन दिनों सप्तर्षिमंडल के ऊपर दिख रहा है। पुनर्वसु मिथुन तारामंडल का प्रमुख तारा है। यह कैस्टर व पोलक्स दो तारों को मिलाकर बना है। मघा तारा सात चमकदार तारों का समूह है। यह सिंह राशि का तारा है।
इसी क्रम में मृग तारामंडल डमरू जैसी आकृति वाला है। यह दस तारों का समूह है। काक्षी, राजन्य, ब्याध्य तारे इसका हिस्सा हैं। उत्तर पश्चिम दिखा में देखे जा सकते हैं।






