बीएनपी न्यूज डेस्क।Boat accident in Varanasi, वाराणसी के भेलूपुर के प्रभुघाट के सामने बीच गंगा में सोमवार को दोपहर में युवकों के मौज-मस्ती करने में एक नाव पलटने से छह लोग डूबने लगे। इसमें से तीन युवकों की डूबने से मौत हो गई। एक युवक की शाम तक तलाश जारी रही। गंगा में पानी का बहाव और तेज हवा के चलते एनडीआरएफ, जल पुलिस और पुलिस ने आगे की कार्रवाई रोक दी। मंगलवार की सुबह से फिर गायब युवक की तलाश शुरू होगी। नाव पर सवार दो लोगों को घाट पर मौजूद मल्लाहों ने बीच धार में नाव ले जाकर बचा लिया। सभी ने जमकर शराब पी रखी थी। दो वर्ष पूर्व इसी क्षेत्र में पांच दिसंबर-2020 को राजा चेत सिंह घाट के सामने हुए नाव हादसे में तीन लोग डूब गए थे।
टूंडला (फिरोजाबाद) के रहने वाले अनस (20 वर्ष), इमामुद्दीन (30 वर्ष), संजय (36 वर्ष) केशव और पवन के साथ नाव चालक भदैनी निवासी सन्नी (24 वर्ष) नाव लेकर दोपहर 12 बजे उस पार गए थे। उस पर स्नान करने के बाद लौट रहे थे। घाट पर चर्चा रहा कि सभी शराब के नशे में धुत थे। वे नशे में ही नाव पर मस्ती करने लगे। इसी दौरान नाव के एक तरफ ज्यादा लोग आ गए और पलट गई। नाव पर सवार सभी डूबने लगे। यह देखकर घाट किनारे मौजूद मल्लाह एक नाव लेकर उस ओर बढ़े। पवन और केशव को मल्लाहों ने बचा लिया। इसी दौरान केशव ने नाव में छेद होने के कारण डूबने की बात कही।
टूंडला फिरोजाबाद का रहने वाला पवन निषाद राज घाट पर पिछले छह माह से चाय की दुकान चलाता है। उससे मिलने के लिए टूंडला फिरोजाबाद के रहने वाले पड़ोसी दोस्त मोनू, पप्पू, केशव, अनस, इमामुद्दीन व संजय के साथ निषादराज घाट पर पवन की चाय की दुकान पर पहुंचे। वहां सभी ने सन्नी नाविक से 200 रुपये में नाव बुक की। इसके बाद सभी नाव पर सवार होकर उस पार गए।
नाविक सन्नी के डूबने से भदैनी स्थित उसके घर पर मातम छा गया। सन्नी के पिता भैयन की वहीं दुकान है। सन्नी दो भाइयों और दो बहनों में बड़ा था। उसकी मां की इच्छा थी कि वह सन्नी के लिए एक नाव बनवाती जिससे उसका व उसके परिवार का पालन-पोषण होता।








