BNP NEWS DESK। Electric Vehicles केंद्र ने देश में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) को बढ़ावा देने के लिए चलाई जा रही फास्टर एडाप्शन एंड मैन्यूफैक्चरिंग आफ इलेक्ट्रिक एंड हाइब्रिड व्हीकल्स (फेम) इंडिया स्कीम के तहत एक जून से सब्सिडी में कटौती करने का फैसला किया है। इसका असर ईवी के मूल्य पर पहले दिन ही दिखने लगा है। इलेक्ट्रिक दोपहिया निर्माता टीवीएस मोटर कंपनी, एथर एनर्जी और ओला इलेक्ट्रिक ने अपने वाहनों के मूल्य में बढ़ोतरी की घोषणा की है।
Electric Vehicles दोपहिया-तिपहिया निर्माता कंपनी टीवीएस मोटर कंपनी ने अपने इलेक्ट्रिक दोपहिया आइक्यूब के मूल्य में 17 हजार से 22 हजार रुपये की बढ़ोतरी की घोषणा की है। पहले दिल्ली में आइक्यूब बेस और एस ट्रिम्स का मूल्य क्रमश: 1,06,384 और 1,16,886 रुपये था। टीवीएस मोटर कंपनी के निदेशक केएन राधाकृष्णन का कहना है कि अगली कुछ तिमाही में फेम-2 में धीरे-धीरे कमी की जाएगी। उन्होंने कहा कि देश में इलेक्ट्रिक दोपहिया और हरित ऊर्जा का दायरा बढ़ाने के लिए कंपनी आकर्षक उत्पाद विकल्प और बढ़िया मूल्य प्रस्ताव देना जारी रखेगी।
इलेक्ट्रिक दोपहिया पर मिलने वाली अधिकतम सब्सिडी भी 40% से घटाकर 15% की गई
सब्सिडी में कटौती के बाद एथर एनर्जी ने भी अपने इलेक्ट्रिक स्कूटर्स के मूल्य में वृद्धि की है। अब क पनी के इलेक्ट्रिक स्कूटर 450एक्स का शुरुआती मूल्य 1.45 लाख (एक्स शोरूम बेंगलुरु) और प्रो-पैक के साथ 450एक्स का मूल्य 1,65,435 रुपये हो गया है। इन दोनों स्कूटर के मूल्य में करीब आठ हजार रुपये की वृद्धि हुई है। एथर एनर्जी के मुख्य कारोबार अधिकारी रवनीत एस फोकेला का कहना है कि फेम-2 में बदलाव से सब्सिडी में करीब 32 हजार रुपये की कमी आई है। हालांकि, देश में ईवी का दायरा बढ़ाने के लिए इस मूल्य वृद्धि का बड़ा हिस्सा कंपनी वहन करेगी।
1,39,999 रुपये का हुआ ओला का एस1 प्रो
ओला ने कहा है कि उसके इलेक्ट्रिक स्कूटर एस1 प्रो का मूल्य अब 1,39,999 रुपये, तीन किलोवाट क्षमता वाले एस1 का मूल्य 1,29,999 रुपये और तीन किलोवाट क्षमता वाले ही एस1 एयर का मूल्य 1,09,999 रुपये हो गया है। इन तीनों स्कूटर्स के मूल्य में पहले के मुकाबले करीब 15 हजार रुपये की वृद्धि हुई है।
ओला इलेक्ट्रिक के संस्थापक और सीईओ भाविश अग्रवाल का कहना है कि सब्सिडी में ज्यादा कटौती के बावजूद हमने मूल्य में कम वृ्द्धि की है। हालांकि, हीरो इलेक्ट्रिक और भारत न्यू एनर्जी ने अपने ईवी के मूल्य में वृद्धि से इनकार किया है।
2019 में शुरू हुई थी फेम योजना
देश में ईवी को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने एक अप्रैल 2019 को फेम योजना तीन वर्ष के लिए लागू की थी। बाद में इसे 31 मार्च 2024 तक बढ़ाया गया था। भारी उद्योग मंत्रालय ने हाल ही में योजना के तहत प्रति किलोवाट मिलने वाली सब्सिडी को घटाकर 10 हजार रुपये किया है। पहले यह सब्सिडी 15 हजार रुपये प्रति किलोवाट थी। इसके अलावा इलेक्ट्रिक दोपहिया पर मिलने वाली अधिकतम सब्सिडी को फैक्ट्री मूल्य के 40 प्रतिशत से घटाकर 15 प्रतिशत किया गया है।








