हिन्दुओं को मजबूत करना RSS का उद्देश्य

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Mohan Bhagwat in Varanasi

BNP NEWS DESK।  Mohan Bhagwat in Varanasi संघ प्रमुख मोहन भागवत द्वारा शाखा में शामिल होकर आईआईटी बीएचयू के छात्र के क्रीड़ा प्रतियोगिता को देखा। उन्होंने छात्रों से कहा कि संघ संगठन का उद्देश्य हिंदू समुदाय को ‘मजबूत’ करने के साथ ही हिंदुत्व की विचारधारा को फैलाना है। कहा कि भारतीय संस्कृति और उसके सभ्यतागत मूल्यों को बनाए रखने के आदर्श को बढ़ावा देना है। इस समय ग्राउंड में 100 से अधिक स्टूडेंट छात्र योग, खेल एवं विभिन्न मंत्र का उच्चारण कर रहे थे।

Mohan Bhagwat in Varanasi सभी जोर-जोर से जय बजरंगी…, भारत माता की जय…, वंदे मातरम… के जयकारे भी लगा रहे थे। मोहन भागवत आसमानी कुर्ते पहन शाखा में पहुंचे थे। वह दूर से खड़े होकर सभी गतिविधियों को देख रहे थे। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच में शाखा आयोजित की गई थी।

 

कल बाबा विश्वनाथ का दर्शन करेंगे

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर संघचालक डा. मोहन भागवत गुरुवार को पांच दिवसीय काशी प्रवास पर पहुंचे। वह शुक्रवार को राष्ट्र निर्माण विषय पर आइआइटी बीएचयू के विद्यार्थियों से संवाद करेंगे। शनिवार को श्रीकाशी विश्वनाथ धाम में दर्शन पूजन करेंगे।
भागवत का विमान शाम चार बजे वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री एयरपोर्ट पहुंचा। यहां उनका आरएसएस के क्षेत्र प्रचारक अनिल, क्षेत्र कार्यवाह वीरेंद्र, प्रांत प्रचारक रमेश, सह प्रांत प्रचारक सुनील और भाजपा प्रबुद्ध प्रकोष्ठ के क्षेत्र संयोजक विपिन सिंह ने स्वागत किया। Mohan Bhagwat in Varanasi

इसके बाद वह महमूरगंज स्थित निवेदिता शिक्षा सदन बालिका इंटर कालेज पहुंचे। वहां पर बालिकाओं ने आरती उतारी और तिलक लगाया। उन्होंने शाम की प्रार्थना सभा में भाग लिया। काशी प्रवास में पांच दिनों तक वह यहीं रहेंगे।

भागवत अपने काशी प्रवास में यहां के प्रबुद्धजन, युवा स्वयंसेवकों, काशी क्षेत्र के जिला, प्रांत प्रचारकों के साथ व्यक्तिगत और सामूहिक चर्चा में शामिल होंगे।
आगामी एक अक्टूबर को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना के शताब्दी वर्ष पूरे हो रहे हैं। इससे पहले भागवत का काशी प्रवास महत्वपूर्ण है। संघ का लक्ष्य है कि जातियों में बंटे लोगों को एक करने के लिए हर गांव-मोहल्ले तक शाखा को पहुंचाया जाए।

एनएसयूआइ कार्यकर्ताओं ने एसीपी से की धक्कामुक्की, 20 पर मुकदमा

भारत माता मंदिर के समीप गुरुवार को आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का विरोध करने पहुंचे एनएसयूआइ (भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की छात्र शाखा) के 20 कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। विरोध करने वाले हाथों में गंगाजल से भरा गैलन, पोस्टर लिए थे, जिसे पुलिस वालों ने छीन लिया।
सिगरा पुलिस ने हिरासत में लिए गए पांच नामजद और 20 अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया है। हालांकि देर शाम हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारी पांच-पांच लाख का मुचलका भरकर छूट गए।
एनएसयूआइ कार्यकर्ता ऋषभ पांडे, अनुपम तिवारी, विकास सिंह, अनिरुद्ध सिंह, अजीत सिंह करीब 20 साथियों के साथ गुरुवार को साजन तिराहे की ओर जा रहे थे।
इनकी मंशा उस रास्ते गुजरने वाले संघ प्रमुख काे गंगाजल अर्पित करके विरोध करने की थी, जिसे पुलिस से छिपाए थे। एसीपी गौरव कुमार ने बताया कि चौकी प्रभारी ने रिषभ से संपर्क साथ तो बताया गया कि कोई विरोध प्रस्तावित नहीं है।
पुलिस ने जब एहतियातन चेक किया तो एनएसयूआइ के लोग पूरी तैयारी किए बैठे, जिसे बल प्रयोग कर विफल कर दिया गया। उधर, युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विकास सिंह ने कहा कि महाकुंभ का स्नान सनातन परंपरा की आत्मा है, लेकिन संघ प्रमुख इससे दूर रहे। उनका हिंदुत्व केवल भाषणों और प्रचार तक सीमित है। उन्होंने कहा कि हिंदुत्व कोई दिखावे की वस्तु नहीं है। यह हमारी आस्था और परंपरा का गहरा प्रतीक है।

 

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Author: BNPNEWS

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