BNP NEWS DESK। Mahakal Temple ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में सोमवार सुबह भस्म आरती के दौरान गर्भगृह में आग लग गई। इससे पुजारी, पंडे और सेवकों सहित कुल 14 लोग झुलस गए, घटना से मंदिर में अफरा-तफरी मच गई। सभी घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से नौ लोगों को इंदौर रेफर किया गया। सभी की हालत खतरे से बाहर है। उधर, घटना को लेकर मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए गए हैं। इसके लिए जिला पंचायत सीईओ मृणाल मीणा और एडीएम अनुकूल जैन को जिम्मेदारी दी गई है। तीन दिन में रिपोर्ट आएगी।
Mahakal Temple सोमवार को ही मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव घायलों से मिलने जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घोषणा की कि शासन की ओर से घायलों को एक-एक लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी, इलाज का सारा खर्च शासन उठाएगा। इस घटना पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने दुख जताया। गृह मंत्री अमित शाह ने सीएम यादव से चर्चा की।
जानकारी के अनुसार महाकाल मंदिर में रोज की तरह सोमवार तड़के भस्म आरती हो रही थी। पूजन के क्रम में सुबह 5.45 बजे कपूर आरती शुरू हुई। इसी दौरान किसी ने स्प्रे से गुलाल उड़ा दिया। केमिकल युक्त गुलाल कपूर के संपर्क में आया और आग बढ़ गई। गर्भगृह की दीवारें चांदी से मंडित हैं। ऊपर रूद्र यंत्र है।
गुलाल से यह खराब न हो, इसलिए होली पर इन्हें ढंका जाता है। हर बार इन्हें सूती कपड़े से ढंका गया था। पानी से बचाव के लिए फ्लैक्स का भी उपयोग किया गया था। इस कारण आग तेजी से फैली और पुजारियों व सेवकों को चपेट में ले लिया। सूत्रों के अनुसार करीब ढाई क्विंटल गुलाल मंदिर पहुंचा था। अधिकारियों का कहना है कि इतना गुलाल कैसे पहुंचा, इसकी भी जांच की जाएगी।
प्रतिबंध के बावजूद केमिकल युक्त गुलाल का उपयोग
महाकाल मंदिर में केवल हर्बल पूजन सामग्री उपयोग करने के निर्देश हैं। कोई भी केमिकल युक्त पूजन सामग्री पर प्रतिबंध है। सुप्रीम कोर्ट के इस तरह के निर्देश के बावजूद धड़ल्ले से केमिकल युक्त गुलाल का उपयोग हो रहा है। स्प्रे और छोटे सिलेंडर से भी गुलाल उड़ाया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार हादसे के वक्त गर्भगृह में भीड़ भी अधिक थी। पुजारियों के साथ सेवक भी थे, इस वजह से अधिक लोग झुलसे। भस्म आरती दर्शन के लिए नंदी हाल, गणेश और कार्तिकेय मंडपम में दो हजार से अधिक श्रद्धालु थे। नंदी हाल में मुख्यमंत्री मोहन यादव के बेटे वैभव भी मौजूद थे। आग लगने पर सभी को सुरक्षित बाहर निकाला गया। कर्मचारियों ने समय रहते अग्निशमन यंत्रों से आग पर काबू पा लिया।








