BNP NEWS DESK। CBSE दसवीं और बारहवीं कक्षाओं में इस साल प्रवेश लेने वाले छात्रों के लिए खुशखबरी है। अगले साल यानी वर्ष 2025 में होने वाली बोर्ड परीक्षाओं में उन्हें बोर्ड परीक्षा देने के दो मौके मिलेंगे।
CBSE खास बात यह है कि दोनों ही परीक्षाएं थोड़े अंतराल पर होंगी। छात्र दोनों परीक्षाओं में शामिल होने या दोनों में से किसी एक परीक्षा में शामिल होने का विकल्प चुन सकेंगे।
इंजीनियरिंग में दाखिले के लिए होने वाली जेईई मेन परीक्षा की तर्ज पर
यह परीक्षा इंजीनियरिंग में दाखिले के लिए होने वाली जेईई (ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जाम) मेन परीक्षा की तर्ज पर होगी। इसमें उस परीक्षा के अंकों को ही अंतिम माना जाएगा, जिसमें छात्र का प्रदर्शन बेहतर रहेगा।
बोर्ड परीक्षाओं को लेकर छात्रों के तनाव को खत्म करने के लिए शिक्षा मंत्रालय ने यह पहल की है। इसे लेकर मंत्रालय ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड CBSE को जरूरी तैयारियों के निर्देश दिए है।
माना जा रहा है कि इस पहल से बोर्ड परीक्षाओं को लेकर छात्रों का डर भी खत्म होगा। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) में बोर्ड परीक्षाओं को लेकर यह सिफारिश की गई है।
नीति के आने के बाद सीबीएसई ने बोर्ड परीक्षाओं को लेकर कई तरह के सुधार भी किए हैं। इसके तहत छात्रों को अधिकतम तीन विषयों में फेल होने पर उसी साल फिर से परीक्षा का देने का विकल्प दिया था। लेकिन अब बोर्ड परीक्षाओं को दो बार आयोजित किए जाने से छात्रों को और सहूलियत मिलेगी।
मंत्रालय के मुताबिक फिलहाल इसकी शुरुआत सीबीएसई से की जाएगी। साथ ही सभी राज्यों को बोर्ड परीक्षा के पैटर्न में बदलाव का सुझाव दिया गया है। सूत्रों की मानें तो अपने छात्रों को तनाव से उबारने के लिए बड़ी संख्या में राज्य इस विकल्प को अपना सकते हैं।
गौरतलब है कि मौजूदा समय में बोर्ड परीक्षाओं के तनाव के कारण देश में बड़ी संख्या में छात्र आत्महत्या करते हैं, जो मौजूदा परीक्षा प्रक्रिया पर सवाल खड़ा करता है।
एक अप्रैल से पहले आएंगी तीसरी, पांचवीं और आठवीं की नई पाठ्यपुस्तकें
नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत स्कूलों के लिए पाठ्यपुस्तकों को अंतिम रूप दे दिया गया है। संकेत हैं कि अगले महीने से इनकी छपाई भी शुरू हो जाएगी। मंत्रालय से जुड़े अधिकारियों की मानें तो एक अप्रैल 2024 से पहले स्कूलों की तीसरी, पांचवीं और आठवीं कक्षाओं की नई पाठ्यपुस्तकें आ जाएंगी।
11वीं कक्षा की नई पाठ्यपुस्तकों को लाने का भी लक्ष्य रखा गया है। जिसमें थोड़ा और समय लग सकता है। प्री-प्राइमरी, पहली व दूसरी कक्षाओं के लिए एनईपी के तहत नई पाठ्यपुस्तकें पहले ही तैयार हो चुकी हैं। स्कूलों के बाकी कक्षाओं की किताबें अगले साल यानी 2025 में आएंगी।








