BNP NEWS DESK। BHU Admission काशी हिंदू विश्वविद्यालय के स्नातक प्रथम सेमेस्टर में प्रवेश प्रक्रिया, हास्टल आवंटन और कक्षाओं के संचालन में हुई देरी को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
यूजी प्रथम सेमेस्टर की कक्षाएं 30 अगस्त से शुरू होनी थीं
BHU Admission विश्वविद्यालय के शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार यूजी प्रथम सेमेस्टर की कक्षाएं 30 अगस्त से शुरू होनी थीं, लेकिन धरातल पर कई संकायों में नियमित कक्षाएं सोमवार तक भी व्यवस्थित रूप से शुरू नहीं हो पाई हैं। सभी संकायों के आठ हजार से अधिक छात्र-छात्राएं काफी परेशान हैं।
सत्र की शुरुआत में हुआ यह विलंब किसी एक विभाग की लापरवाही नहीं बल्कि कई तकनीकी अड़चनों का परिणाम रहा है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) द्वारा सीयूईटी का परिणाम देर से जारी करना और विद्यार्थियों का डेटा समय पर व पूरा उपलब्ध नहीं होना मुख्य वजह रही, जिसके डेटा में सुधार और प्रक्रिया में काफी समय लग गया। सितंबर के शुरुआती दिनों (विशेषकर तीन और 5 सितंबर) तक नए विद्यार्थियों की फैकल्टी-स्तरीय काउंसलिंग और दस्तावेजों के सत्यापन की प्रक्रिया चलती रही। कुछ विद्यार्थियों के प्रमाणपत्र लंबित या त्रुटिपूर्ण होने के कारण उनके मामले लंबित रखे गए।
विभिन्न पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही
एडमिशन और हास्टल आवंटन प्रक्रिया दो अलग-अलग माध्यमों से संचालित हुई। जहां प्रवेश नमस्ते बीएचयू ऐप के माध्यम से हुआ, वहीं हास्टल की मेरिट समर्थ पोर्टल पर सीयूईटी स्कोर और घर से दूरी के मानकों के आधार पर तैयार की गई। समर्थ पोर्टल से प्रवेशित छात्रों की सूची मिलने के बाद ही हास्टल आवंटन की प्रक्रिया आगे बढ़ानी थी, जिससे तुरंत छात्रों को बुलाना व्यावहारिक नहीं था। विभिन्न पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है। BHU Admission
मसलन-सामाजिक विज्ञान संकाय में प्रथम वर्ष के लगभग 648 विद्यार्थियों में से अधिकांश का प्रवेश सुनिश्चित होने के बावजूद कैलेंडर और वास्तविक स्थिति में अंतर साफ दिखाई दिया। प्रशासनिक स्तर पर तालमेल और वेरिफिकेशन का काम लगभग पूरा होने के बाद मंगलवार से कक्षाओं के संचालन और रिपोर्टिंग की प्रक्रिया सुचारू रूप से आगे बढ़ने की उम्मीद है।
विश्वविद्यालय प्रशासन गंभीर समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रहा
चूंकि केंद्रीय प्रवेश समिति की तरफ से वर्तमान में मॉप-अप राउंड की प्रक्रिया चल रही है, जिसके चलते बाहर से आने वाले बच्चे खासे परेशान हैं कि उन्हें कक्षाओं के लिए कब आना चाहिए। छात्रों और विभागों को अब तक न तो हास्टल की आधिकारिक सूची मिल पाई है और न ही चयनित उम्मीदवारों की पूरी सूची प्राप्त हुई है।
छात्रों और उनके अभिभावकों का आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रशासन इन गंभीर समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है, जिससे शुरुआती दौर में ही विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बीएचयू प्रशासन से मांग की है कि इस स्थिति को तुरंत स्पष्ट करते हुए कक्षाओं के संचालन, माप-अप राउंड और हास्टल आवंटन की तिथियों की सूची आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक की जानी चाहिए। BHU Admission







