BNP NEWS DESK। Sayoni ghosh तृणमूल कांग्रेस में जारी राजनीतिक भूचाल के बीच सांसद और युवा तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष सायोनी घोष को लेकर सस्पेंस लगातार गहराता जा रहा है। पार्टी के भीतर चल रही उठापटक के बीच उनका नाम उन नेताओं में शामिल किया जा रहा है, जिन्होंने बागी खेमे से नजदीकियां बढ़ा ली हैं।हालांकि सायोनी ने अब तक सार्वजनिक रूप से कोई स्पष्ट रुख नहीं अपनाया है।
Sayoni ghosh सूत्रों के अनुसार बुधवार रात दिल्ली में केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के आवास पर हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में सायोनी घोष, माला राय, यूसुफ पठान, प्रतिमा मंडल और मिताली बाग मौजूद थीं। बाद में वहां मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी भी पहुंचे और सांसदों के साथ लंबी चर्चा की। बताया जा रहा है कि बैठक में बागी खेमे को मजबूत करने और भविष्य की राजनीतिक रणनीति पर बातचीत हुई।
इस घटनाक्रम के बाद तृणमूल के भीतर सायोनी की भूमिका को लेकर सवाल उठने लगे हैं। पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं का एक वर्ग खुलकर यह जानना चाहता है कि वह आखिर किस पक्ष में हैं। हाल के दिनों में पार्टी के विभिन्न वाट्सऐप समूहों में भी उनकी अनुपस्थिति और चुप्पी को लेकर असंतोष सामने आया है।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि यदि वह तृणमूल के साथ हैं तो खुलकर सामने आएं और यदि बागी खेमे में शामिल हो चुकी हैं तो इसकी भी घोषणा करें। इसी बीच गुरुवार दोपहर सायनी घोष कोलकाता लौटीं। एयरपोर्ट पर पत्रकारों ने उनसे राजनीतिक रुख और कथित शिविर परिवर्तन को लेकर सवाल पूछे, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। सिर पर टोपी, चेहरे पर मास्क और पूरी तरह चुप्पी साधे वह सीधे वाहन में बैठकर रवाना हो गईं। Sayoni ghosh








